Thursday, January 24, 2019

अमेठी में लोगों से राहुल गांधी का वादा- 101% बनकर रहेगा फूडपार्क

अपने संसदीय क्षेत्र अमेठी पहुंचे कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने नरेंद्र मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला. प्रियंका गांधी वाड्रा के कांग्रेस महासचिव बनाए जाने पर राहुल गांधी ने कहा कि मैंने प्रियंका को कहा है कि वह जब भी अपना पद संभालेंगी तो सबसे पहले यहां आकर लोगों से मिलें. उन्होंने दावा किया कि उत्तर प्रदेश में अगली सरकार कांग्रेस पार्टी ही बनाएगी.

राहुल ने यहां केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि मैं झूठ नहीं बोलता हूं, जो बोलता हूं वही करता हूं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भगवान का नाम लेकर झूठ बोलते हैं. राहुल ने कहा कि नरेंद्र मोदी नफरत और क्रोध की भावना का चिन्ह हैं.

राहुल ने यहां आए लोगों से पूछा कि क्या आपको अभी तक 15 लाख रुपये मिले. इसके अलावा उन्होंने यहां ‘चौकीदार चोर है’ के नारे भी लगवाए. राहुल गांधी ने रायबरेली के लोगों से वादा किया कि यहां पर फूडपार्क बनाया जाएगा. उन्होंने कहा कि यहां 101 फीसदी फूडपार्क बनकर रहेगा.

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री ने लोगों के 30 हजार करोड़ रुपये की चोरी की, 56 इंच का सीना अब कमजोर हो गया है. राहुल ने कहा कि प्रधानमंत्री ने चीन के सामने घुटने टेक दिए. मैं 24 घंटे आपकी लड़ाई लड़ता हूं.

समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के गठबंधन को लेकर उन्होंने कहा कि मैं मुलायम सिंह यादव, मायावती और अखिलेश यादव का सम्मान करता हूं लेकिन हम कांग्रेस की विचारधारा के लिए लड़ेंगे. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश और केंद्र दोनों जगह सरकार बनाएंगे.

गौरतलब है कि बुधवार को ही कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने अपनी बहन प्रियंका गांधी वाड्रा और मध्य प्रदेश के नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया को महासचिव नियुक्त किया है. प्रियंका गांधी को पूर्वी उत्तर प्रदेश और ज्योतिरादित्य सिंधिया को पश्चिमी उत्तर प्रदेश की जिम्मेदारी दी गई है.

राहुल ने कहा कि प्रधानमंत्री ने उद्योगपतियों के करोड़ों रुपये के कर्ज माफ कर दिए, लेकिन किसानों के लिए कुछ नहीं किया. उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान की कांग्रेस सरकारों ने किसानों का कर्ज दो दिन में ही माफ कर दिया.

स्वामी विवेकानंद स्कॉलरशिप

यूनिवर्सिटी ग्रांट्स कमिशन (UGC) ने सोशल साइंस में रिसर्च के लिए सिंगल गर्ल चाइल्ड के लिए स्कॉलरशिप दी जाती है. इस स्कॉलरशिप का नाम स्वामी विवेकानंद स्कॉलरशिप फॉर सिंगल गर्ल चाइल्ड फॉर रिसर्च इन सोशल साइंसेज है. बता दें, यह स्कॉलरशिप उन छात्राओं के लिए है जो किसी यूनिवर्सिटी से सोशल साइंस में पीएचडी का 5 साल का रेगुलर कोर्स कर रही हैं. इस स्कॉलरशिप के लिए केवल वही छात्रा आवेदन कर सकती हैं जो अपने घर में अपने मां-बाप की इकलौती बेटी, जु़ड़वा बहनें या फिर ट्रांसजेंडर हो.

स्‍कॉलरशिप: इसमें पीएचडी के शुरुआती दो साल के लिए 25,000 रुपये प्रति माह की फेलोशिप दी जाती है. बाकी पीएचडी कार्यकाल के लिए प्रति महीने 28,000 रुपये दिए जाते हैं.  वहीं इसके अलावा पहले दो साल के लिए प्रति वर्ष 10,000 रुपये और बाकी बचे सालों के लिए  20,500 रुपये की आकस्मिकता (contingency) प्रदान की जाती है.

किन्हें मिलेगी ये स्कॉलरशिप: ये स्कॉलरशिप उन्हें दी जाएगी जिन्होंने पीएचडी प्रोग्राम में हिस्सा लिया हो. छात्राओं की आयु 40 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए. वहीं आरक्षित श्रेणियों के उम्मीदवारों के लिए आयु सीमा 45 वर्ष है.

Wednesday, January 16, 2019

छह दिन की बढ़त पर लगा ब्रेक, सस्‍ता हुआ पेट्रोल

बीते छह दिनों से लगातार पेट्रोल की कीमत में बढ़ोतरी हो रही थी लेकिन बुधवार को इस बढ़त पर ब्रेक लग गया.  छह दिन बाद पेट्रोल 8 पैसे प्रति लीटर सस्ता हुआ है. इस कटौती के बाद दिल्ली में पेट्रोल 70.33 रुपये प्रति लीटर के स्‍तर पर है. हालांकि डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी का सिलसिला लगातार सातवें दिन भी जारी है.  डीजल की कीमतें दिल्ली और कोलकाता में 12 पैसे बढ़ी हैं तो वहीं मुंबई और चेन्नई में 13 पैसे प्रति लीटर की बढ़त दर्ज की गई है. 

क्‍या है नई कीमत

इंडियन ऑयल की वेबसाइट के मुताबिक दिल्ली में पेट्रोल 70.33 रुपये प्रति लीटर पर है तो वहीं कोलकाता, मुंबई और चेन्नई में पेट्रोल के दाम घटकर क्रमश: 72.44 रुपये, 75.97 रुपये और 73.00 रुपये प्रति लीटर हैं. जबकि दिल्‍ली में डीजल के दाम बढ़कर 64.59 रुपये प्रति लीटर पर है. इसके अलावा कोलकाता, मुंबई और चेन्नई में क्रमश : 66.59 रुपये, 67.62 रुपये और 68.22 रुपये प्रति लीटर पर है.

मंगलवार को ये थी कीमत

मंगलवार को लगातार छठे दिन पेट्रोल और डीजल के दाम में बढ़ोतरी देखने को मिली थी. दिल्ली, कोलकाता और मुंबई में पेट्रोल 28 पैसे जबकि चेन्नई में 29 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ था. वहीं डीजल दिल्ली और कोलकाता में 29 पैसे जबकि मुंबई और चेन्नई में 31 पैसे प्रति लीटर महंगा हुआ था. मंगलवार को दिल्ली में पेट्रोल 70.41 रुपये प्रति लीटर पर रहा.

वहीं सोमवार को दिल्ली और मुंबई में पेट्रोल की कीमतों में 38 पैसे की बढ़ोतरी हुई थी.  जबकि कोलकाता और चेन्‍नई में क्रमश: 37 पैसे और 40 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई है.

बुधवार को भले ही पेट्रोल सस्‍ता हो गया है लेकिन अंतर्राष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड अब भी महंगा है. आने वाले दिनों में इसका असर पेट्रोल की कीमतों पर देखने को मिल सकता है. बता दें कि दिसंबर में ब्रेंट क्रूड सस्‍ता हुआ था और इस वजह से तेल के दाम भी घटे थे.

सप्‍ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में मजबूती का रुख रहा.  बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 52 अंकों की बढ़त के साथ 36,370.74 पर जबकि एनएसई का 50 शेयरों पर आधारित संवेदी सूचकांक निफ्टी 12.85 अंकों की बढ़त के साथ 10,899.65 पर खुला.  शुरुआती कारोबार में सेंसेक्‍स की बढ़त 130 से ज्‍यादा अंकों की रही. वहीं निफ्टी 10,900 के स्‍तर को पार कर गया.

शुरुआती कारोबार में बढ़त वाले शेयर भारती एयरटेल, इंडसलैंड बैंक, यस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, एनटीपीसी, रिलायंस, एसबीआईएन, इन्‍फोसिस, पावर ग्रिड, टाटा मोटर्स, ओएनजीसी, टाटा स्‍टील, वेदांता, महिंद्रा एंड महिंद्रा शामिल हैं. गिरावट वाले शेयर की बात करें तो एलएंडटी, कोल इंडिया, एचयूएल, सनफार्मा, एशियन पेंट, एचडीएफसी बैंक, बजाज ऑटो, टीसीएस और आईटीसी हैं.  बता दें कि मंगलवार को भी भारतीय शेयर बाजार में तेजी का रुख रहा. यह बढ़त सोमवार को आए महंगाई दर के आंकड़ों के बाद देखने को मिला है. बीते कारोबारी दिन सेंसेक्स 465 अंक यानि 1.30 फीसदी बढ़कर 36,318.33 अंक पर बंद हुआ.  वहीं निफ्टी 149.20 अंक बढ़कर 10,886.80 अंक पर रहा. 

बता दें कि बीते सोमवार को महंगाई के मोर्चे पर दिसंबर के आंकड़े आए. दिसंबर में खुदरा महंगाई दर 2.19 रही. इससे पहले नवंबर में यह आंकड़ा 2.33 फीसदी पर था. बता दें कि खुदरा महंगाई दर का यह आंकड़ा 18 महीने का निचला स्‍तर है. वहीं थोक कीमतों पर आधारित महंगाई दर दिसंबर में घटकर 3.80 फीसदी रही. यह पिछले 8 माह का निचला स्तर है.

रुपये का क्‍या रहा हाल

मंगलवार को डॉलर के मुकाबले रुपया आज 2 पैसे की कमजोरी के साथ 71.06 के स्तर पर खुला. इससे पहले कच्चे तेल की बढ़ती कीमत और डॉलर मजबूत होने की वजह से मंगलवार को रुपया 13 पैसे की गिरावट के साथ 71.05 रुपये प्रति डॉलर पर पहुंच गई. यह एक माह का निम्न स्तर है.

Monday, January 7, 2019

अनिल अंबानी, अडानी समेत कई कारोबारियों को गहलोत सरकार का झटका, 240 एमओयू होंगे रद्द

निवेश में रुचि नहीं दिखाने पर राजस्थान सरकार रिसर्जेंट राजस्थान इनवेस्टमेंट समिट के 200 से ज्यादा एमओयू निरस्त करने वाली है. इनमें अनिल अंबानी की कंपनी रिलायंस समूह ओर गौतम अडानी का अडानी ग्रुप जैसी कंपनियों के एमओयू भी शामिल हैं. बताया जा रहा है कि वसुंधरा राजे सरकार ने नवंबर 2015 में इनवेस्टर समिट का आयोजन किया था. इसके तहत तत्कालीन सरकार ने 3.37 लाख करोड़ रुपये के 470 एमओयू किए थे.

उद्योग मंत्री परसादी लाल मीणा के अनुसार, इन्वेस्टर मीट के बाद तीन साल में केवल 124 एमओयू ही ऐसे रहे जिन पर काम हुआ. इससे राजस्थान को 12 हजार करोड़ रुपये का निवेश मिला. लेकिन बड़ी कंपनियों ने काम शुरू तक नहीं किया. इस कारण उन्हें नोटिस दिए जाएंगे. नोटिस के बावजूद यदि काम नहीं शुरू हुआ तो एमओयू रद्द होंगे.

गौरतलब है कि जिन कंपनियों ने एमओयू साइन किए थे उन्हें सरकार जमीन और टैक्स आदि में रियायत देने वाली थी. इनमें पर्यटन, खनन और मेडिकल जैसे क्षेत्र शामिल थे.

ढाई लाख करोड़ रु. से ज्यादा के करीब 240 एमओयू फेल....

बता दें कि रिसर्जेंट राजस्थान इनवेस्टमेंट समिट में 240 एमओयू ऐसे थे जिनमें ढाई लाख करोड़ रु. से ज्यादा का निवेश होने वाला था. इसमें पर्यटन, खनन और मेडिकल जैसे क्षेत्र शामिल थे. लेकिन किसी भी कंपनी ने राजस्थान में रूचि नहीं दिखाई.

जानिए आखिर किस क्षेत्र में कितना हुआ था निवेश...

 रिसर्जेंट राजस्थान इनवेस्टमेंट समिट में टूरिज्म में 10,442 करोड़ के 221 एमओयू हुए थे. जबकि मेडिकल में करीब 2700 करोड़ रु. के 14 एमओयू हुए. लेकिन इनमें कोई भी प्रोजेक्ट शुरू नहीं हुआ. वहीं, माइंस में 76 हजार करोड़ के 25 एमओयू हुए और इसमें निवेश केवल 1500 करोड़ रुपये का आया.

बीजेपी प्रवक्ता शहनवाज हुसैन ने अपने एक बयान से जहां खुद से लिए आलोचना का रास्ता खोल दिया है वहीं पार्टी की जमकर किरकिरी का कारण भी बन गया है. देश के सबसे बड़े न्यूज चैनल आजतक पर राफेल विवाद के चलते हिंदुस्तान एरोनॉटक्स लिमिटेड (एचएएल) पर बहस के दौरान एचएएल में कर्मचारियों को सैलरी देने के लिए कैश संकट के सवाल पर हुसैन ने दावा किया कि उनकी सरकार कैश में भरोसा नहीं रखती क्योंकि मोदी सरकार कैशलेस इकोनॉमी की बात करती है.

गौरतलब है कि इस मुद्दे पर टीवी बहस के दौरान न्यूज एंकर निशांत चतुर्वेदी ने सवाल किया कि एचएएल के चेयरमैन और सीएमडी ने दावा किया है कि एचएएल कैश-इन-हैंड नकारात्मक है. इसके चलते कंपनी अपने कर्मचारियों को सैलरी देने की स्थिति में नहीं है. इस नकारात्मक कैश-इन-हैंड, जो कि एक अकाउंटिंग का शब्द है और जिसका मतलब है कि कंपनी के पास खाते में कर्मचारी को सैलरी देने के लिए अथवा अपना अन्य जरूरी खर्च करने के लिए पैसे नहीं है.

अपने इस जवाब से जहां शहनवाज हुसैन ने जाहिर कर दिया कि उन्हें कैश-इन-हैंड शब्द का मतलब नहीं पता था और वह इसे कैश मुद्रा और डिजिटल मुद्रा से कन्फ्यूज कर बैठे. हालांकि उनकी इस गलती पर न्यूज एंकर ने उन्हें मजाक न करने के लिए कहा क्योंकि टीवी चैनल पर एक अहम मुद्दे पर बहस की जा रही थी.

राफेल का वंशवाद: तजुर्बा नहीं, परिवार देखकर दसॉल्ट ने किया अंबानी से करार

गौरतलब है कि इस टीवी बहस के दौरान शहनवाज हुसैन के साथ कांग्रेस पार्टी के प्रवक्ता पवन खेरा भी शामिल थे. बीते कुछ दिनों से एचएएल की आर्थिक स्थिति पर लेकर विवाद खड़ा हुआ है. हाल ही में लोकसभा में इस मुद्दे पर हुई बहस में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण पर संसद और देश को गुमराह करने का आरोप लगाया था.